अध्याय 16 - उत्तिष्ठ युद्धस्व भारत!
महाभारत + गीता का सार | Short Q&A | हिंदी नोट्स
1. प्रश्नोत्तर - शार्ट उत्तर
क) कौरव सेना को देखकर अर्जुन की आँखें क्यों भर आईं?
क्योंकि सामने कौरव सेना में उसके अपने गुरु द्रोण, मामा शल्य, भाई कर्ण और सगे-सम्बन्धी खड़े थे। अपनों को मारने की बात सोचकर वह दुखी हो गया।
ख) दुखी अर्जुन को श्रीकृष्ण ने क्या उपदेश दिया?
1. कायर मत बनो, मोह छोड़ो
2. आत्मा अमर है - शस्त्र काट नहीं सकता, आग जला नहीं सकती
3. जैसे पुराने कपड़े बदलते हैं, वैसे आत्मा शरीर बदलती है
4. क्षत्रिय का धर्म युद्ध है - मरे तो स्वर्ग, जीते तो राज | उठो और युद्ध करो
2. आत्मा अमर है - शस्त्र काट नहीं सकता, आग जला नहीं सकती
3. जैसे पुराने कपड़े बदलते हैं, वैसे आत्मा शरीर बदलती है
4. क्षत्रिय का धर्म युद्ध है - मरे तो स्वर्ग, जीते तो राज | उठो और युद्ध करो
ग) उपदेश किस ग्रन्थ में है?
श्रीमद्भगवद्गीता
श्रीमद्भगवद्गीता
घ) प्रभाव क्या पड़ा?
मोह दूर हुआ, युद्ध के लिए तैयार
मोह दूर हुआ, युद्ध के लिए तैयार
2. रिक्त स्थान भरिए
| प्रश्न | उत्तर |
|---|---|
| क) महाभारत का युद्ध ______ में हुआ | कुरुक्षेत्र के मैदान |
| ख) अर्जुन के रथ के सारथी ______ थे | श्रीकृष्ण |
| ग) ______ अर्जुन के पितामह थे | भीष्म |
| घ) अर्जुन के गुरु ______ थे | आचार्य द्रोण |
🕉️ गीता सार - "कर्म करो, फल की चिंता मत करो" - श्रीकृष्ण 🕉️
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